जिस उम्र में बच्चों को पढ़ने और भविष्य संवारने की चिंता रहनी चाहिए , उस उम्र में बच्चे अपनी जिम्मेदारी और कर्तव्य से भटक जाते हैं और एक ऐसे मार्ग पर चल पड़ते हैं, जहां उनकी जिंदगी बर्बाद हो जाती है. सिलीगुड़ी शहर का एक ऐसा ही मामला सामने आया है, जिसने शहर खासकर माटीगाड़ा इलाके को हिला कर रख दिया है.
माटीगाड़ा इलाके में स्थित सिमुलतला निवासी दसवीं के छात्र 15 वर्षीय शुभजित मोदक की दर्दनाक मौत हो चुकी है. उसकी हत्या की गई है. उसके घर वालों का रो रोकर बुरा हाल है. इलाके में मातम पसरा है.परिजन आक्रोशित हैं और हत्यारे को फांसी देने की मांग कर रहे हैं. हालांकि छात्र की हत्या का आरोपी राज पासवान फरार है. पुलिस उसकी सरगर्मी से तलाश कर रही है.
छात्र की हत्या क्यों और कैसे हुई? इसके पीछे पुलिस का प्राथमिक अनुमान, जांच, पड़ोसियों, मृतक के परिजन और दोस्तों के बयान से पता चलता है कि इस हत्याकांड के पीछे एक लड़की से प्रेम संबंध जिम्मेदार है. मिली जानकारी के अनुसार शुभजित मोदक की राज पासवान से गहरी दोस्ती थी. हालांकि दोनों की उम्र में बड़ा फासला था. लेकिन इसके बावजूद दोनों गहरे दोस्त थे. उनका एक साथ घूमना फिरना और मटरगश्ती करना भी था.
उन दोनों दोस्तों के बीच दुश्मनी की खाई तब उत्पन्न हो गई, जब उनकी जिंदगी में एक लड़की सामने आई. शुभजित मोदक और राज पासवान दोनों ही लड़की को पसंद करते थे और उसे लेकर सपने देखते थे. इस घटना से लगभग एक माह पहले दोनों दोस्तों का लड़की से मिलने को लेकर झगड़ा हुआ. शुभजित मोदक का कहना था कि वह लड़की से प्रेम करता है. जबकि राज पासवान भी यही बात करता था. किसी तरह से दोनों के बीच झगड़े का समाधान करने की कोशिश की गई.
लेकिन इस घटना के बाद से दोनों दोस्तों के संबंधों में कड़वाहट साफ देखी जा रही थी. इसके बावजूद उनका साथ घूमना फिरना जारी था. शनिवार की बात है. राज पासवान ने शुभजित को फोन करके सुकना के चाय बागान में बुलाया. बताया जा रहा है कि राज पासवान ने झूठ बोला था कि उसने चाय बागान में उस लड़की को बुलाया है, जिससे दोनों प्रेम करते थे. राज पासवान ने शुभजित मोदक से झूठ बोला था कि उसने लड़की को वहां बुलाया है. वही यह तय करेगी कि वह उन दोनों में से किससे प्रेम करती है.
शुभजित मोदक अपने घर से निकल गया. घर वालों को रात्रि 8:00 बजे तक उसके मोबाइल फोन पर शुभजित से बात हुई थी, जिसमें उसने कहा था कि वह किसी जरूरी जगह बैठा है और जल्दी घर लौट आएगा.लेकिन जब बहुत देर रात घर नहीं लौटा तो परिजनों ने उसके मोबाइल पर कॉल किया. लेकिन उसका फोन स्विच ऑफ मिला. इससे घर वालों की चिंता बढ़ गई. इसी चिंता में उनकी रात गुजर गई. लेकिन शुभजित मोदक का कोई पता नहीं था. निराश व हताश घर वालों ने माटीगाड़ा थाने में जाकर शुभजित मोदक की गुमशुदगी की रिपोर्ट लिखाई. पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर उसे जल्द से जल्द ढूंढने का आश्वासन देकर उन्हें घर भेज दिया.
इस बीच परिजनों और अन्य लोगों को कुछ और महत्वपूर्ण जानकारी हाथ लगी तो परिजन माटीगाड़ा थाने पहुंच गए. उन्होंने आरोप लगाया कि शुभजित मोदक के बारे में राज पासवान ही बता सकता है. पुलिस को राज पासवान को गिरफ्तार करना चाहिए. पुलिस ने पूछताछ के क्रम में शुभजित के एक और दोस्त को थाने बुलाया जिससे पुलिस को महत्वपूर्ण जानकारी हाथ लगी. इस जानकारी के बाद माटीगाड़ा थाने की पुलिस सुकना के चाय बागान इलाके में गई जहां उसने शुभजित मोदक का रक्त रंजित शव बरामद किया.
पुलिस का प्रारंभिक अनुमान तथा अन्य सूत्रों से जो जानकारी मिल रही है, उसके अनुसार राज पासवान ने लड़की के मामले को लेकर शुभजित से झगड़ा किया. उन दोनों के बीच मारपीट भी हुई. मामला इस कदर बढ़ गया कि राज पासवान ने अपनी पैंट की बेल्ट खोल कर बेल्ट से उसके गले को कस दिया, जिससे उसकी मृत्यु हो गई. पुलिस को यह जानकारी मौके पर मौजूद शुभजित के एक अन्य दोस्त ने दी थी, जो इस घटना के बाद से काफी डरा हुआ है.
पुलिस ने शुभजित के शव को पोस्टमार्टम के लिए उत्तर बंगाल मेडिकल कॉलेज अस्पताल भेज दिया है. शुभजित मोदक के एक दोस्त के बयान, परिजनों के आरोप और मृतक के मोबाइल फोन की कॉल डिटेल की जांच करने के बाद माटीगाड़ा पुलिस ने राज पासवान पर हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया है. पुलिस उसे हिरासत में लेने के लिए उसके घर गई. लेकिन वह लापता था. पुलिस ने आरोपी राज पासवान के खिलाफ 302 और 201 का मुकदमा कायम कर उसकी सरगर्मी से तलाश शुरू कर दी है.
इस पूरे प्रकरण में डीसी पी राकेश सिंह ने बयान दिया है कि यह मामला प्रेम संबंधों का विवाद हो सकता है. पुलिस ने इस मामले में एक नाबालिग को गिरफ्तार किया है. उसे जूविनाइल कोर्ट में पेश किया जा रहा है, जहां से उसे सुधार सुधार गृह भेज कर पूछताछ की जाएगी. फरार आरोपी की तलाश जारी है.

