माटीगाड़ा का नाबालिग छात्र शुभजित मोदक हत्याकांड सुर्खियों में है. पुलिस ने छात्र की हत्या के आरोप में राज पासवान को गिरफ्तार करके उसे 5 दिनों के पुलिस रिमांड पर लिया है. पर क्या छात्र का हत्यारा राज पासवान ही है? कल तक पुलिस भी यही मान कर चल रही थी. लेकिन कम से कम आज पुलिस ऐसा यकीन के साथ नहीं कह सकती. क्योंकि हत्या के आरोपों से पूछताछ, सबूत और परिस्थितिजन्य साक्ष्य एक ऐसी दशा में ले जा रहे हैं जहां इस हत्याकांड की स्क्रिप्ट लिखने वाला कोई और है.
यह हत्याकांड एक सुनियोजित साजिश का नतीजा है. स्क्रिप्ट ऐसे तैयार की गई है कि हत्या के मामले में जो सामने दिखता है, वास्तव में वह है ही नहीं और जो पीछे है, उसकी तरफ किसी का ध्यान नहीं है. कल तक पुलिस भी उसकी तरफ ध्यान नहीं दे रही थी. लेकिन आज कहीं ना कहीं पुलिस भी स्क्रिप्ट राइटर तक पहुंचने की योजना बना रही है. पुलिस को एक नाबालिग पर संदेह है, जिसने इस हत्याकांड की स्क्रिप्ट लिखी है.
यह वही स्क्रिप्ट राइटर है जिसने शुभजित मोदक हत्याकांड की कहानी सुनाई थी और उसके आधार पर माटीगाड़ा पुलिस ने शुभजित मोदक के शव को बरामद किया था. इसकी स्क्रिप्ट कुछ ऐसी है कि स्क्रिप्ट में राज पासवान ही छात्र की हत्या का मुख्य आरोपी है और इसी के आधार पर पुलिस का प्राथमिक अनुमान भी था. लेकिन अब हालात बदल चुके हैं. धीरे-धीरे गुत्थी उलझने लगी है.
नाबालिग युवक ने जो कहानी सुनाई थी, वह त्रिकोणात्मक प्रेम प्रसंग की कहानी थी और यही सुर्खियों में भी थी. इस लड़के ने यह साबित करने की कोशिश की थी कि एक लड़की के चक्कर में राज पासवान और शुभजित के बीच विवाद हुआ, जिसमें शुभजित ने राज को थप्पड़ मारा था. राज ने उसकी हत्या करके इसका बदला लिया था. प्रश्न यह है कि एक थप्पड़ के बदले कोई किसी की हत्या कैसे कर सकता है? जब पुलिस ने इस दिशा में सोचना शुरू किया तो उसका शक नाबालिग लड़के की ओर गया है.
नाबालिग लड़के के हाथों पर चोट के भी निशान है. यह कटने के निशान कैसे आए! बदले हालात में जो तस्वीर उभर रही है, उसके अनुसार नाबालिग दोस्त ही इस फसाद की जड़ है, जो लड़की से प्रेम प्रसंग के मामले में दोनों को बर्दाश्त नहीं कर रहा था. इसलिए उसने एक ऐसी स्क्रिप्ट तैयार की जिसमें एक की जान गई और दूसरा उसकी हत्या के आरोप में जेल की सलाखों के भीतर है.
पुलिस को नाबालिग लड़के पर शक इसलिए भी है क्योंकि पूछताछ के क्रम में पुलिस ने उस लड़की से भी पूछताछ की है जो हत्याकांड की जड़ में बताई जा रही है. पुलिस को लड़की से पूछताछ में कुछ और नई जानकारियां हाथ लगी है और उसके आधार पर जो सामने दिख रहा है, वास्तव में वह ऐसा नहीं है. ऐसा लगता है कि इस हत्याकांड में राज पासवान एक किरदार है.
पुलिस रिमांड में राज पासवान से हुई पूछताछ के बाद ही इस कहानी में नया ट्विस्ट आया है जो सीधा-सीधा नाबालिक लड़के को संदिग्ध बना रहा है. हालांकि पुलिस अभी किसी नतीजे पर नहीं पहुंची है. पर पुलिस की योजना है कि नाबालिग और हत्या के आरोपी राज पासवान को आमने-सामने बिठाकर पूछताछ किया जाए. इसकी तैयारी भी शुरू हो गई है. माटीगाड़ा पुलिस इस हत्याकांड की तह तक पहुंचाने के लिए फॉरेंसिक टीम की मदद भी ले रही है. इसके बाद ही इस हत्याकांड की उलझी हुई गुत्थी सुलझने के आसार हैं. और तब पता चलेगा कि इस हत्याकांड का असली हत्यारा कौन है.
