February 14, 2026
Sevoke Road, Siliguri
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Raju Bista ने दार्जिलिंग मोड़ पर ROB और सेवोक-बालासन एलिवेटेड हाईवे परियोजना का किया निरीक्षण !

Raju Bista inspected the ROB at Darjeeling turn and the Sevoke-Balasan Elevated Highway project.

सिलीगुड़ी: दार्जिलिंग के सांसद एवं भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता राजू बिस्ता ने आज दार्जिलिंग मोड़ पहुंचकर रेल ओवर ब्रिज (ROB) और सेवोके-बालासन एलिवेटेड हाईवे कॉरिडोर परियोजना के निर्माण कार्यों की प्रगति का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने अधिकारियों और इंजीनियरों के साथ विस्तृत चर्चा की तथा कार्य की गति और गुणवत्ता पर संतोष व्यक्त किया।

सांसद ने बताया कि दार्जिलिंग मोड़ पर दार्जिलिंग, बागडोगरा और कलिम्पोंग/सिक्किम की ओर से आने वाले वाहनों के लिए बिना रुकावट आवागमन सुनिश्चित करने हेतु दो-टियर (टियर-1 और टियर-2) एलिवेटेड संरचना का निर्माण किया जा रहा है। यह आधुनिक ढांचा दार्जिलिंग और बागडोगरा से Salugara एवं सिलीगुड़ी शहर की ओर आने-जाने वाले ट्रैफिक को सुगम बनाएगा और जाम की समस्या में उल्लेखनीय कमी लाएगा।

उन्होंने कहा कि एक टियर और उससे जुड़े अप्रोच रोड का कार्य लगभग पूर्ण होने की स्थिति में है। अनुमान है कि अगले 45 दिनों में दार्जिलिंग मोड़ पर ट्रैफिक दबाव में काफी कमी देखने को मिलेगी। इससे स्थानीय निवासियों, व्यापारियों और पर्यटकों को बड़ी राहत मिलेगी।

राजू बिस्ता ने जानकारी दी कि पूरे प्रोजेक्ट को मार्च 2027 तक पूर्ण करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। हालांकि दार्जिलिंग मोड़ का एक हिस्सा अगले दो महीनों में आम जनता के उपयोग के लिए खोल दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि यह परियोजना क्षेत्र के बुनियादी ढांचे को नई दिशा देगी और आने वाले दशकों तक बेहतर कनेक्टिविटी सुनिश्चित करेगी।

सांसद ने निर्माण कार्य में जुटी एनएचपीडब्ल्यूडी (NHPWD) की टीम और श्रमिकों की सराहना करते हुए कहा कि वे लगातार कठिन परिस्थितियों में काम कर रहे हैं ताकि आम लोगों को कम से कम असुविधा हो। उन्होंने सभी अधिकारियों और कर्मियों को बधाई देते हुए उनके प्रयासों के लिए आभार व्यक्त किया।

उन्होंने यह भी कहा कि सेवोके-बालासन एलिवेटेड हाईवे कॉरिडोर परियोजना के पूरा होने के बाद सिलीगुड़ी और आसपास के इलाकों में यातायात प्रबंधन में बड़ा बदलाव आएगा। इससे न केवल समय की बचत होगी, बल्कि क्षेत्रीय आर्थिक गतिविधियों को भी बढ़ावा मिलेगा।

स्थानीय लोगों ने भी परियोजना को लेकर उम्मीद जताई है कि इसके पूर्ण होने से दार्जिलिंग मोड़ जैसे व्यस्त चौराहों पर लंबे समय से चली आ रही जाम की समस्या का स्थायी समाधान मिलेगा।

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