क्या दार्जिलिंग मोड जाम मुक्त हो रहा है? क्या दार्जिलिंग मोड पर अब वाहनों का जाम नहीं देखा जा सकेगा? क्या दुर्गा पूजा के दौरान दार्जिलिंग मोड से सिलीगुड़ी में प्रवेश करने वाली गाड़ियों को एंट्री मिल जाएगी? क्या इसका असर सिलीगुड़ी के अन्य व्यस्त चौराहों के ट्रैफिक पर देखा जा सकता है? इस तरह के कई सवाल हैं, जिसका जवाब आने वाले समय में मिल सकेगा. परंतु वर्तमान में सिलीगुड़ी के लिए राहत की बात है.
रविवार को दार्जिलिंग मोड़ से गुजरने वाली फोरलेन सिक्स लेन सड़क के एक भाग को यातायात के लिए अस्थाई रूप से खोल दिया गया है. भाजपा सांसद राजू बिष्ट और पी डब्ल्यू मंत्री तथा वरिष्ठ अधिकारियों की उपस्थिति में बन रहे 4/6 लेन सड़क के इस महत्वपूर्ण भाग को यातायात के लिए खोल दिया गया. अब सड़क पर ट्रैफिक सिग्नल, साइन बोर्ड तथा सुगम यातायात के लिए संसाधनों का विकास किया जा रहा है.
ट्रैफिक डिप्टी पुलिस कमिश्नर काजी शमसुद्दीन अहमद ,ट्रैफिक असिस्टेंट पुलिस कमिश्नर सुबीर दत्ता तथा ट्रैफिक पुलिस के अन्य अधिकारियों ने सड़क को खोले जाने के बाद अगली व्यवस्था की दिशा में NHAI के साथ बातचीत शुरू कर दी है. हालांकि यह ट्रायल के रूप में ही देखा जा सकता है. परंतु सूत्र बताते हैं कि जल्द ही यहां ऐसी व्यवस्था विकसित की जा रही है, जिससे वाहनों का आवागमन सुचारू रूप से हो सकेगा.
दार्जिलिंग मोड़ पर ट्रैफिक जाम को लेकर अलग-अलग लोगों के अलग-अलग ख्याल है. अधिकांश लोगों का मानना है कि लोक निर्माण विभाग ने एक ठोस पहल तो कर दी है. जब पूरी तरह से सड़क बन जाएगी, तब यहां जाम भी खत्म हो जाएगा. लोगों ने बताया कि सेवक और सालूगाड़ा की ओर जाने वाली गाड़ियों के चलते ही यहां अक्सर जाम देखा जा रहा था. अब यह स्थिति नहीं होगी. हालांकि बहुत से लोग यह भी बताते हैं कि इससे यह नहीं कहा जा सकता है कि दार्जिलिंग मोड़ का जाम पूरी तरह खत्म हो जाएगा.
जानकार भी मानते हैं कि जब तक फोरलेन सिक्स लेन सड़क का काम पूरी तरह खत्म नहीं हो जाता और स्थाई रूप से सड़क का उद्घाटन नहीं कर दिया जाता, तब तक यह स्थिति बनी रहेगी. हालांकि इसमें कमी जरूर आ सकती है. सूत्र बता रहे हैं कि सिलीगुड़ी मेट्रोपोलिटन पुलिस कुछ ऐसी व्यवस्था करना चाहती है जिससे पूजा के समय सिलीगुड़ी पर यातायात का भारी दबाव न पडे.
इसी विचार को ध्यान में रखकर अधिकारियों ने अस्थाई रूप से खोली गई सड़क पर वाहनों का आवागमन सुनिश्चित करने के लिए सड़क पर पर्याप्त रोशनी की व्यवस्था की पहल शुरू कर दी है. इसके अलावा पुलिस अधिकारी यह भी सुनिश्चित करना चाहते हैं कि रात में अंधेरे का फायदा उठाकर चोर उचके यात्रियों या वाहनों के साथ कोई अशोभनीय हरकत ना कर सके. जल्द ही आप इस सड़क पर एक नई ट्रैफिक व्यवस्था देख सकते हैं. उदाहरण के लिए दार्जिलिंग मोड सेतु के नीचे बनाई गई सड़क का इस्तेमाल वाहनों की आवाजाही के लिए किया जा सकता है. इससे भी ट्रैफिक का दबाव कम होगा.
मिल रही जानकारी के अनुसार ट्रैफिक पुलिस के बड़े अधिकारी और स्थानीय प्रशासन दुर्गा पूजा के समय बाहर से आने वाली गाड़ियों की सुगम एंट्री देने की स्थिति में ट्रैफिक में महत्वपूर्ण बदलाव को लेकर भी बैठक करने वाला है. जो भी हो, रविवार से इस महत्वपूर्ण सड़क को खोल दिए जाने के बाद सिलीगुड़ी ट्रैफिक पर दबाव कुछ कम जरूर हुआ है. पर यह नहीं भूलना चाहिए कि यह एक अस्थाई व्यवस्था है जिसे स्थाई व्यवस्था में तब्दील करने के लिए जल्द से जल्द सड़क के शेष भाग का निर्माण होना आवश्यक है. तभी सिलीगुड़ी की फिजा बदलेगी और सिलीगुड़ी का सौंदर्य भी बढेगा.
