June 13, 2024
Sevoke Road, Siliguri
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सिलीगुड़ी के सरकारी बाबू अप्रैल में ‘मौज’ करेंगे!

एक तरफ पश्चिम बंगाल राज्य के सरकारी कर्मचारी सरकार से नाराज चल रहे हैं और बकाए डीए की मांग में संयुक्त कर्मचारी संघ के शिक्षक व दूसरे सरकारी कर्मचारी पूरे राज्य में आंदोलन कर रहे हैं, तो दूसरी तरफ राज्य सरकार भी झुकने को तैयार नहीं. सरकार पहले ही स्पष्ट कर चुकी है कि डीए में बढ़ोतरी फिलहाल संभव नहीं है लेकिन संयुक्त कर्मचारी संघ का एक गुट अपनी जिद पर अड़ा हुआ है.

हालांकि सरकारी बाबू आंदोलन करते हुए भी दफ्तरों में काम कर रहे हैं. राज्य सरकार ने भले ही उनकी मांग फिलहाल नहीं मानी है परंतु अप्रैल महीने में लगातार तीन दिनों की छुट्टी देकर उन्हें राहत देने जा रही है. राज्य सरकार के कर्मचारी 1 अप्रैल ,2 अप्रैल और 3 अप्रैल यानी लगातार तीन दिनों तक आराम कर सकते हैं. 3 अप्रैल को महावीर जयंती की छुट्टी सरकार ने दे दी है.पहले महावीर जयंती 4 अप्रैल को थी, लेकिन अब सरकार ने चार के बजाय 3 अप्रैल को ही महावीर जयंती की छुट्टी अपने कर्मचारियों को दे दी है.

इस तरह से महीने के आरंभ में ही शिक्षक तथा दूसरे राज्य कर्मचारियों को 3 दिन की छुट्टी मिलने जा रही है. एन ई एक्ट के अंतर्गत उस दिन स्कूल, कॉलेज के अलावा राज्य सरकार के सभी कार्यालय बंद रहेंगे. अगर आप कोई सरकारी कामकाज कराना चाहते हैं तो 3 अप्रैल तक दफ्तर नहीं जाएं क्योंकि 3 अप्रैल तक दफ्तर बंद रहेंगे. इसके अलावा अप्रैल महीने में कई और सरकारी छुट्टियां है.

इन छुट्टियों में अंबेडकर जयंती, ईद आदि भी शामिल है. इसके अलावा राज्य सरकार ने इससे पहले रघुनाथ मुर्मू, बिरसा मुंडा आदि के जन्मदिन पर भी छुट्टी दी थी. जानकार मानते हैं कि इस बार भी सरकारी कर्मचारियों को छुट्टी मिलेगी. अप्रैल महीने में जितनी छुट्टियां मिलती थी, अब उसमें एक छुट्टी का इजाफा हो गया है. अतः यह कहा जा सकता है कि अप्रैल महीने में सिलीगुड़ी और पूरे राज्य में सरकारी बाबुओं की मौज रहने वाली है!

जानकार मानते हैं कि सरकारी कर्मचारियों को लगातार तीन दिनों की छुट्टी देकर सरकार ने उनके जख्मों पर मरहम लगाने की कोशिश की है. इसके साथ ही यह सवाल भी उठ रहा है कि क्या 30 अप्रैल को संयुक्त कर्मचारी संघ अपना आंदोलन पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार जारी रख सकेंगे? क्योंकि 30 अप्रैल को कई महत्वपूर्ण राष्ट्रीय और क्षेत्रीय कार्यक्रम भी हैं. मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की ओर से भी केंद्र से बकाए के भुगतान के संबंध में धरना प्रदर्शन किया जा सकता है!

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