अब यह तय हो चुका है कि सिलीगुड़ी और दार्जिलिंग पहाड़ के चारों शहर जैसे दार्जिलिंग, मिरिक, कर्सियांग व कालिमपोंग स्मार्ट सिटी बनने जा रहे हैं. हालांकि केंद्र सरकार की योजना में इन शहरों को हिमालय हिल सिटी का स्वरूप देना है, पर उसका एक अर्थ है कि इन पांचो शहरों को स्मार्ट सिटी के रूप में विकसित किया जाएगा. पहले तो यह हवा हवाई बातें थीं, पर अब केंद्र की मेगा योजना धरातल पर उतरने जा रही है.
राज्य में भाजपा सरकार के गठन के साथ ही केंद्र सरकार ने उत्तर बंगाल में दार्जिलिंग पहाड़, पहाड़ के चारों शहरों, सिलीगुड़ी समतल और Dooars के क्षेत्र को आबाद करने का फैसला कर लिया है. केंद्र सरकार इन क्षेत्रों का विकास यहां के सामरिक महत्व और संवेदनशीलता के दृष्टिकोण से करना चाहती है.
केंद्र सरकार ने राज्य के पहाड़ी और तराई क्षेत्रों की सूरत बदलने के लिए एक मास्टर योजना का खाका तैयार किया है, जिसके अंतर्गत दार्जिलिंग और सिलीगुड़ी समेत पांच प्रमुख शहरों को अति आधुनिक हिमालय पर्वतीय शहरों यानी हिमालयन हिल सिटी के रूप में विकसित किया जाएगा. पिछले दिनों सिलीगुड़ी के उत्तर कन्या में आयोजित महत्वपूर्ण बैठक के बाद इस ड्रीम प्रोजेक्ट की आधिकारिक घोषणा की गई थी. राज्य सरकार की मंत्री अग्निमित्र पॉल ने इस प्रोजेक्ट के बारे में जानकारी दी थी.
सूत्रों ने बताया है कि केंद्र सरकार की पहली नजर सिलीगुड़ी के संपूर्ण विकास पर टिकी है. संपूर्ण विकास का मतलब केवल विकास ही नहीं बल्कि उसकी सुरक्षा से भी जुड़ा हुआ है. क्योंकि सामरिक दृष्टिकोण से यह शहर काफी महत्वपूर्ण है. यह शहर पूर्वोत्तर के शेष राज्यों को जोड़ता है और सिलीगुड़ी गलियारा होने के चलते सुरक्षा, सतर्कता और विकास से जोड़े जाने की आवश्यकता महसूस की जा रही है. राजू बिष्ट ने केंद्र सरकार की पहल का स्वागत किया है और कहा है कि केंद्र सरकार की इस महा परियोजना से पहाड़, तराई और Dooars का तेजी से विकास होगा.
राजू बिष्ट ने अपने एक बयान में कहा था कि सिलीगुड़ी के चारों तरफ रिंग रोड का निर्माण किया जाएगा. इसके अलावा सिलीगुड़ी- पहाड़ कनेक्टिविटी को बढ़ाया जाएगा. Dooars की हरियाली और पर्यटन के क्षेत्र में विकसित करने के अलावा सरकार उत्तर बंगाल के विभिन्न पर्यटक क्षेत्रो को उन्नत करने जा रही है. सिलीगुड़ी के साथ-साथ दार्जिलिंग, कर्सियांग, कालिमपोंग, मिरिक आदि शहरों के विकास के ब्लूप्रिंट तैयार किये जा चुके हैं. राजू बिष्ट ने कहा है कि केंद्र और राज्य मिलकर इन क्षेत्रों के समग्र और तीव्र विकास सुनिश्चित करने के लिए सभी तरह के कदम उठा रहे हैं. यह इन क्षेत्रों के लोगों के लिए एक गर्व की बात है.
आज केंद्र सरकार की ओर से राज्य सरकार ने उत्तर बंगाल के इन क्षेत्रों के लिए मेघा योजना की शुरुआत कर दी है. यह इन क्षेत्रों के लिए एक बड़ा तोहफा माना जा रहा है. मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के अंतर्गत कालिमपोंग में 26, दार्जिलिंग में 17 और सिलीगुड़ी महकमा परिषद में चार सड़कों के निर्माण का फैसला किया है.
शहरों को हिमालयी पर्वतीय शहर के रूप में विकसित करने का मतलब केवल सड़कों का निर्माण नहीं है, इसके तहत आधुनिक कचरा प्रबंधन, इको फ्रेंडली, शहरी परिवहन प्रणाली और भूस्खलन रोधी अत्याधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर का विकास भी शामिल है, जो आने वाले दिनों में इन क्षेत्रों में देखा जा सकेगा. आपको याद होगा कि मंत्री अग्निमित्र पाॅल ने पहले ही कहा है कि सितंबर महीने से सड़क पर कचरा डालने अथवा थूकने पर जुर्माना किया जाएगा.
कुल 80. 194 किलोमीटर ग्रामीण सड़कों का आने वाले दिनों में निर्माण किया जाएगा. इससे सिलीगुड़ी से पहाड़ की कनेक्टिविटी बढ़ेगी. भाजपा सांसद राजू बिष्ट ने बताया है कि गोरूबथान ब्लॉक में टांगता प्राइमरी स्कूल से टांगोटा टॉप, मंडल गांव से गुंबादारा, शिवालय मंदिर से खोला गांव आईसीडीएस, चॉपलेटी जीरो point से टिनकटरा और झंडी इको हट होमस्टे से झंडी राय गांव तक सड़क का निर्माण किया जाएगा.
इसी तरह से लावा ब्लॉक, पेंडोंग ब्लॉक, कालिमपोंग एक नंबर, दार्जिलिंग पुल बाजार ब्लॉक, जोर बंगला सुखिया पोखरी ब्लॉक, मिरिक ब्लॉक, कर्सियांग ब्लॉक, रंगली रंगलीयत ब्लॉक आदि क्षेत्रों में प्रधानमंत्री ग्राम सड़क परियोजना के तहत सड़कों का जाल बिछाया जाएगा. जबकि सिलीगुड़ी महकमा परिषद में अनुज सर्विस स्टेशन से बिहार बॉर्डर, पत्थर गुंबा गिरिजा लाइन से फकीर दीप तक, लाचूविटा ट्राइबल गांव से दुबानुची तक और बजारू गाछ से तिवारी गाछ तक सड़क का निर्माण किया जाना है.
बहरहाल इस महा परियोजना के जमीन पर उतरने से स्थानीय स्तर पर होटल, होम स्टे ,एडवेंचर स्पोर्ट्स और हस्तशिल्प से जुड़े कारोबारों में भारी इजाफा आएगा. इससे उत्तर बंगाल के युवाओं का पलायन रुकेगा. राज्य सरकार की इस घोषणा के बाद समतल और पहाड़ में लोग काफी खुश है. राजू विष्ट ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी का आभार व्यक्त किया है.
