रविवार से दुर्गा पूजा शुरू हो रही है. नवरात्रि के पहले दिन से लेकर विजयादशमी तक मौसम का हाल मिला जुला रह सकता है. यानी किसी दिन बारिश तो किसी दिन धूप. कहीं जोरदार बारिश तो कहीं हल्की बारिश. कभी आसमान साफ तो कभी आसमान बादलों से ढका रह सकता है.
ऐसे में बारिश के मूड को भांपना आसान नहीं है. बेहतर होगा कि आप छाता लेकर घर से पंडाल में घूमने निकले. लेकिन इस बारिश के चलते आपका पूजा उत्साह कम होगा, ऐसा लगता नहीं है. क्योंकि यह बारिश लगातार टिकी नहीं रह सकती है. अचानक ही पानी बरसने लग जाए और अचानक ही पानी रुक जाए, तो कोई आश्चर्य नहीं होगा.
दुर्गा पूजा में पूजा पंडालों में घूमने की शुरुआत षष्ठी और सप्तमी से होती है. उस समय सिलीगुड़ी समेत उत्तर बंगाल में हल्की से लेकर मध्यम बारिश हो सकती है. जबकि दक्षिण बंगाल में भी भारी बारिश के आसार हैं. अगर सप्तमी से लेकर अष्टमी तक बारिश के चलते पूजा का उत्साह फीका पड़ भी जाए, तो घबराने की बात नहीं है. क्योंकि नवमी और दशमी पर आसमान साफ रहेगा. इन दो दिनों में आप पंडालों में मां दुर्गा का दर्शन और भ्रमण कर सकते हैं.
आज से ही राज्य में बारिश शुरू हो जाएगी. मौसम विभाग से जो जानकारी मिल रही है, उसके अनुसार आज पश्चिम बंगाल समेत देश के कम से कम 20 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में बारिश की पुरजोर संभावनाएं हैं.सिलीगुड़ी में भी बारिश हो सकती है. पहाड़ और सिक्किम में भी भारी बारिश के आसार हैं. हालांकि बारिश का परिमाण सब जगह एक जैसा नहीं रह सकता है. कुछ इलाकों में हल्की बारिश होगी जबकि कई जिलों में भारी बारिश का अनुमान है.
इस समय देश के कई राज्यों में तेज हवाओं के साथ बारिश हो रही है ,जिसका असर साफ देखा जा रहा है. केरल में भारी बारिश हो रही है. वहां आंधी तूफान से भारी नुकसान हुआ है. केरल राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण भारी बारिश व तेज हवाओं के कारण नुकसान का समाचार बता रहा है. वहां कई जिलों में वृक्षों को भारी नुकसान हुआ है.
देश के दूसरे राज्यों में भी बहुत से स्थानों पर जल सैलाब के अलावा पेडों के भी उखड़ने के समाचार मिले हैं. कोलकाता और दक्षिणी हिस्सों में यूं तो फिलहाल बारिश रुकी हुई है. लेकिन 15 अक्टूबर से लेकर 19 अक्टूबर तक केवल कोलकाता या दक्षिणी बंगाल के जिले ही नहीं, बल्कि पूरे बंगाल में बारिश का खतरा मंडरा रहा है. हालांकि यह पूजा के रंग में कितना भंग डालेगा, यह बताना मुश्किल है.
आज से ही राज्य के कुछ भागों में बारिश शुरू हो गई है. जैसे-जैसे पूजा में घूमने का समय करीब आता जाएगा, एक बार फिर से बारिश जोर पकड़ सकती है. मौसम विभाग ने बताया है कि 15 से लेकर 17 अक्टूबर के बीच सावधान रहने की जरूरत है. उस समय कभी भी बारिश आ सकती है. ऐसे में अगर आप पूजा घूमने के लिए निकले तो छाता जरूर लेकर चले. सिलीगुड़ी में यह बारिश 18 और 19 अक्टूबर को भी हो सकती है.
लेकिन मौसम विभाग ने यह स्पष्ट कर दिया है कि नवमी और दशमी के दिन मौसम शुष्क बना रहेगा और बारिश के कोई असार नहीं है. सिलीगुड़ी में भी ऐसा मौसम बना रह सकता है. 20 अक्टूबर को नवमी और 21 अक्टूबर को दशमी है. उस दिन पूरे बंगाल में मौसम शुष्क रह सकता है.
