संविधान और कानून में महिला सुरक्षा को लेकर कई बदलाव किए गए हैं. कानून को पहले से काफी सख्त बनाया गया है. लेकिन इसके बावजूद महिलाओं के साथ छेड़छाड़, बलात्कार, अपहरण और अन्य आपराधिक घटनाएं थमने का नाम नहीं ले रही है. आए दिन न्यूज़ चैनल और अखबार महिला अपराध की विभीषिका को बताते हैं.
सरकार लाख दावा करे, परंतु सच तो यही है कि क्या सिलीगुड़ी, देश का कोई भी कोना, कस्बा, शहर, गांव महिलाओं के लिए सुरक्षित नहीं है. पुरुष प्रधान समाज की मानसिकता ऐसी है कि महिला उनकी नजर में किसी वस्तु या खिलौने से ज्यादा कुछ नहीं है. ऐसे ही लोगों के कारण समाज में महिलाएं सुरक्षित नहीं है.
सिलीगुड़ी की एक युवती के साथ दार्जिलिंग मोड पर देर रात छेड़छाड़ और उसका अपहरण करने की कोशिश की गई तो कर्नाटक के मैसूर जिले के टी नरसीपुरा कस्बे में बंगाल की ही एक अन्य महिला का अपहरण और गैंगरेप हुआ है. सिलीगुड़ी की एक अन्य युवती को एक महीने बाद सूरत से सिलीगुड़ी मेट्रोपॉलिटन पुलिस ने बरामद किया है. लगभग 16 वर्षीय युवती 18 जून को माटीगाड़ा से अगवा कर ली गई थी. जिस युवक ने लड़की को बहला फुसलाकर भगाया था, उसका नाम सुमित साह है. पुलिस ने उसे भी गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है.
गैंग रेप की शिकार महिला अपने एक दोस्त की बर्थडे पार्टी में शामिल होने 18 जुलाई को मैसूर गई. दोस्त की बर्थडे पार्टी मनाने के बाद घर लौट रही महिला को तीन लोगों ने अगवा कर लिया. उसे कार में बिठाकर अपहर्ता एक लाज में ले गये, जहां उसके साथ उन सभी ने बारी-बारी से दुष्कर्म किया. महिला की शिकायत पर मैसूर पुलिस ने मामला दर्ज कर तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है.
सिलीगुड़ी में कल की घटना है. जो सुर्खियों में है. यह घटना दर्शाती है कि बदमाशों का मनोबल किस कदर बढ़ गया है. देर रात्रि को नई नवेली पत्नी ने पति से बिरयानी खाने की इच्छा व्यक्त की. उस समय तक आसपास की दुकानें लगभग बंद हो गई थीं. लेकिन दार्जिलिंग मोड़ पर देर रात तक दुकानें खुली रहती हैं. लिहाजा पति पत्नी को लेकर दार्जिलिंग मोड पहुंचा और एक बिरयानी की दुकान पर बिरयानी का ऑर्डर देने लगा. उसी समय एक कार में सवार कुछ युवक वहां पहुंचे और महिला को देखकर अश्लील कमेंट करने लगे.
भला पति के सामने पत्नी का कोई अपमान करे, तो पति कैसे बर्दाश्त कर सकता है. पति ने कार में सवार युवकों को धमकाया. इस पर कार से उतरे दो लड़कों ने महिला के सामने ही उसके पति की पिटाई शुरू कर दी. जबकि एक युवक जबरदस्ती महिला को अपनी गाड़ी में बैठाने लगा. उस समय वहां पर कुछ लोग आ जा रहे थे. उन्होंने दौड़कर महिला को युवक के चंगुल से छुड़ाया. इस बीच वहां कुछ और लोग आ गए.
उन्होंने महिला के साथ छेड़खानी करने वाले युवक को दबोच लिया. मौका मिलते ही बाकी दोनों लड़के वहां से नौ दो ग्यारह हो गए. भीड़ ने युवती के साथ छेड़खानी करने वाले युवक को पीटना शुरू कर दिया. इसी बीच सूचना पाकर प्रधान नगर नगर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और आरोपी युवक को गिरफ्तार कर लिया. आरोपी युवक का नाम अर्जुन ठाकुर है और वह ढकनी काटा इलाके का रहने वाला है.
प्रधान नगर थाना की पुलिस ने पीड़िता द्वारा दर्ज कराई गई शिकायत के आधार पर आरोपियों के खिलाफ अपहरण की कोशिश, छेड़छाड़, अभद्र व्यवहार तथा संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर आरोपी अर्जुन ठाकुर को अदालत में पेश कर दिया. इस मामले के अन्य आरोपियों की तलाश पुलिस कर रही है. यह सभी घटनाएं दर्शाती हैं कि महिलाओं के साथ अपराध की घटनाएं थमने का नाम नहीं ले रही है. सिलीगुड़ी समेत बंगाल में महिला अपराध कुछ ज्यादा ही बढा है.
अब समय आ गया है कि सरकार और पुलिस तंत्र महिला अपराधों की विभीषिका को देखते हुए कुछ ऐसे कदम उठाए जहां पुरुषों की सोच तो बदले ही, वातावरण का सुरक्षात्मक कवच भी बहाल हो.

