यह कहते हैं नहले पर दहला. बीजेपी का घोषणा पत्र जारी हो गया है. इस घोषणा पत्र में महिला सुरक्षा, भ्रष्टाचार मुक्त शासन, महिला सशक्तिकरण, युवा सशक्तिकरण, घुसपैठ मुक्त बंगाल और इतना ही नहीं घोषणा पत्र में उत्तर बंगाल में औद्योगिक विकास की भी बात कही गई है. राज्य सरकार के कर्मचारियों को बकाया महंगाई भत्ता भुगतान से लेकर 45 दिनों में सातवें वेतन आयोग को लागू करने से जुड़े भाजपा के इस घोषणा पत्र को भरोसा पत्र नाम देकर पार्टी ने राज्य के मतदाताओं को लुभाने का एक बड़ा कार्ड खेला है. भाजपा को विश्वास है कि उसका यह भरोसा पत्र राज्य के विकास में सभी वर्ग के लोगों को जोड़ेगा और सोनार बांग्ला का निर्माण करेगा.
आज इसी की चर्चा हो रही है घोषणा पत्र बंगाल में पहले टीएमसी, उसके बाद कांग्रेस तथा दूसरे दलों के घोषणा पत्र के बाद अब थोड़े विलंब से बीजेपी ने भी घोषणा पत्र जारी कर दिया है. बीजेपी का यह घोषणा पत्र 7 अप्रैल को ही जारी किया जाना था. आज कोलकाता में गृह मंत्री अमित शाह ने पार्टी का घोषणा पत्र जारी करते हुए कहा कि यह घोषणा पत्र नहीं बल्कि भरोसा पत्र है. अमित शाह ने राज्य की महिलाओं और बेरोजगार युवाओं से वादा किया कि राज्य में उनकी सरकार बनी तो हर महीने एक से लेकर 5 तारीख के बीच हर महिला और बेरोजगार युवा के खाते में ₹3000 ट्रांसफर किए जाएंगे.
जाहिर है कि भारतीय जनता पार्टी ने टीएमसी के नहले पर दहले डाला है. टीएमसी और मुख्यमंत्री ममता बनर्जी हर महिला और बेरोजगार युवा को हर महीने ₹1500 उनके खाते में ट्रांसफर करती है. भारतीय जनता पार्टी ने इस रकम को दुगुना बढ़ाने का वादा किया है और अपने संकल्प पत्र को विश्वास और भरोसे का नाम दिया है. राज्य में महिलाओं और युवाओं को आकर्षित करने के लिए टीएमसी से लेकर भारतीय जनता पार्टी कैस बेनिफिट का खेल खेल रही है.
अपने पार्टी के संकल्प पत्र को भरोसा पत्र नाम देते हुए अमित शाह ने कहा कि पार्टी का यह संकल्प पत्र सोनार बंगला के निर्माण का भरोसा है. उन्होंने कहा कि यह संकल्प पत्र राज्य में बेरोजगार युवाओं और महिलाओं का मार्ग प्रशस्त करेगा और उन्हें रचनात्मक रूप से बंगाल के विकास में जुड़ने के लिए प्रोत्साहित करेगा.
भारतीय जनता पार्टी के इस संकल्प पत्र में कई प्रमुख घोषणाएं की गई है. इनमें घुसपैठ को लेकर जीरो टॉलरेंस की नीति, राज्य सरकार के कर्मचारियों के बकाया डीए का भुगतान तथा सरकार बनने के 45 दिनों के भीतर सातवें वेतन आयोग को लागू करना, बंगाल में आयुष्मान योजना लागू करना, इसके अलावा केंद्र सरकार की जितनी भी योजनाएं चल रही हैं, वे सभी बंगाल में भी लागू की जाएंगी.
संकल्प पत्र में कहा गया है कि अगर राज्य में बीजेपी की सरकार बनती है तो 6 महीने के भीतर समान नागरिक संहिता लागू की जाएगी. इसके अलावा बंगाल की सीमाओं को घुसपैठ के लिए सील करना, गौ तस्करी को रोकना, एक करोड़ स्वरोजगार और रोजगार के अवसर सृजित करना, हजारों युवाओं को उद्यमी बनाने का प्रयास, ममता बनर्जी की सरकार के 15 साल पर श्वेत पत्र लाना, पहले 100 दिन औद्योगिक विकास का रोड मैप बनाना आदि कई वादे बंगाल की जनता से किए गए हैं शामिल है
भाजपा के संकल्प पत्र में उत्तर बंगाल में औद्योगिक विकास की भी बात कही गई है. सिलीगुड़ी में एम्स, आईआईटी और आईआईएम की स्थापना का वादा किया गया है. भाजपा ने दार्जिलिंग चाय को विश्व स्तरीय बनाने के प्रयास का भी वादा किया है. कोलकाता में पार्टी का चुनाव घोषणा पत्र जारी करते हुए अमित शाह ने राज्य में आंगनवाड़ी तथा आशा कर्मियों के मानदेय में वृद्धि का भी वादा किया है. घोषणा पत्र में कहा गया है कि राज्य में 75 लाख लखपति दीदी उनकी सरकार बनाएगी
. इसमें महिला सुरक्षा की भी बात कही गई है. जैसे दुर्गा सुरक्षा स्क्वायड बनाना, महिलाओं के लिए राज्य सरकार की बसों में नि:शुल्क यात्रा का वादा, महिला सुरक्षा के लिए दो बटालियन बनाना, राज्य में भ्रष्टाचार समाप्त करना, माफिया राज समाप्त करने के लिए रोड मैप तैयार करना, बंगाल की संस्कृति को पूरे देश में फैलाने से लेकर वंदे मातरम म्यूजियम, ग्रेटर कोलकाता समेत कई वादे बीजेपी ने राज्य के लोगों से किए हैं. अगर राज्य में भाजपा की सरकार आती है तो इसी संकल्प पत्र के हिसाब से भाजपा सरकार अगले 5 वर्षों में योजनाएं बनाएगी और कार्यान्वित करेगी.
