सिलीगुड़ी मे॔ पिछले कई दिनों से जारी बरसात दो दिनों से थम गई है. उमस और गर्मी के कारण लोगों का बुरा हाल है. आज तो गर्मी और तीखी धूप ने सिलीगुड़ी के जनजीवन को बेहाल कर दिया. गर्मी और धूप इतनी तेज थी कि लोग पेड़ की छांव तले बैठे और आपस में गपशप करते नजर आए. दोपहर के समय सड़कों पर बहुत कम आवाजाही देखी गई. आदमी तो आदमी, जीव जंतु भी छांव की तलाश में भागते नजर आए.
सिलीगुड़ी के लोगों के अनुसार वास्तव में सिलीगुड़ी में गर्मी अब शुरू हुई है. अप्रैल महीने से ही यहां मौसम सुहाना बना था. मई और जून महीने में कुछ दिनों की बात भूल जाए तो अधिकांश समय यहां बारिश हुई है. ऐसे में लोगों को गर्मी का एहसास कहां हुआ है. उनके अनुसार जुलाई महीने में लोगों को गर्मी का सामना करना पड़ सकता है. कुछ लोग कहते हैं कि ग्लोबल वार्मिंग के कारण सिलीगुड़ी में पहले बरसात हो गई और अब गर्मी की शुरुआत हुई है. मौसम उल्टा हो रहा है. हालांकि वैज्ञानिक और जानकार सिर्फ डेटा की बात करते हैं.
तो क्या सिलीगुड़ी का मौसम बदल रहा है? हालांकि मौसम विभाग की ओर से अभी कोई ताजा अपडेट सामने नहीं आया है. परंतु समझा जाता है कि इस सप्ताह तक दार्जिलिंग और जलपाईगुड़ी जिले के कुछ भागों में हल्की-फुल्की बारिश हो सकती है और जहां तक भारी बारिश का प्रश्न है, तो इस हफ्ते तक इसकी संभावना उत्तर बंगाल में बहुत कम नजर आती है. हां कोलकाता और दक्षिण बंगाल में रविवार को भारी बारिश की मौसम विभाग की ओर से चेतावनी जारी की गई है.
दरअसल उत्तर बंगाल तथा दक्षिण बंगाल से सटे क्षेत्र में बने चक्रवती परिसंचरण के प्रभाव से दक्षिण बंगाल में मौसम बदलने वाला है. मौसम विभाग के अनुसार आज बंगाल की खाड़ी में निम्न दबाव क्षेत्र बनने की पूरी संभावना है. इसके प्रभाव से शनिवार से लेकर मंगलवार तक दक्षिण बंगाल के विभिन्न जिलों में भारी बारिश के साथ तेज हवाएं चलने की आशंका व्यक्त की गई है. इसका प्रभाव उत्तर बंगाल पर कितना पड़ेगा, मौसम वैज्ञानिक इसका अध्ययन कर रहे हैं.
आज दक्षिण बंगाल के कई जिलों के लिए अलर्ट जारी किया गया है. कहीं गरज चमक के साथ बिजली गिरेगी तो कहीं हल्की-फुल्की बारिश भी होगी. अगर आप कोलकाता में रहते हैं तो कल से वहां मौसम बिगड़ सकता है. जबकि रविवार को कोलकाता में 70 से लेकर 100 मिली मीटर तक बारिश का अनुमान लगाया गया है. केवल इतना ही नहीं, इन इलाकों में 40 से लेकर 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं. कई निचले इलाकों में जल जमाव की स्थिति बन सकती है.
मौसम विभाग ने 3 जुलाई यानी आज से मछुआरों को समुद्र में नहीं जाने की सलाह दी है. दक्षिण बंगाल के जिन जिलों में बारिश और तेज हवाओं का अनुमान लगाया गया है, उनमें पश्चिम मेदिनीपुर, पूर्वी मेदिनीपुर, उत्तर 24 परगना ,दक्षिण 24 परगना, झाड़ग्राम आदि इलाके हैं. पूर्वी मेदिनीपुर और पश्चिम मेदिनीपुर के लिए तो अति भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है. कोलकाता, हावड़ा, हुगली, उत्तर 24 परगना, झाड़ग्राम, पुरुलिया, बांकुरा आदि जिलों में भी बारिश हो सकती है.

