सिलीगुड़ी के नयाबाजार इलाके के पास नेहरू रोड स्थित एक व्यावसायिक प्रतिष्ठान को लेकर बुधवार को अचानक तनाव की स्थिति बन गई। आरोप है कि “गोविंदभोग चावल” के नाम पर उत्पाद के प्रचार में ऐसे प्रतीकों का इस्तेमाल किया जा रहा था, जिससे आम लोगों में भ्रम पैदा हो रहा है और धार्मिक भावनाएं आहत हो सकती हैं।
इसी आरोप को लेकर बंगीय हिंदू महामंच का एक प्रतिनिधिमंडल मौके पर पहुंचा। संगठन के अध्यक्ष विक्रमादित्य मंडल के नेतृत्व में पहुंचे कार्यकर्ताओं ने संबंधित पोस्टर और साइन बोर्ड को तुरंत हटाने की मांग की। दोपहर करीब ढाई बजे संगठन के सदस्य वहां पहुंचे और विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। इस दौरान दुकान मालिकों के साथ उनकी तीखी बहस भी हुई, जिससे कुछ समय के लिए माहौल तनावपूर्ण हो गया।
आरोप है कि चावल के बोरे पर एक विशेष धार्मिक प्रतीक के साथ “786” अंक मौजूद था, जिस पर “100 प्रतिशत प्योर गोविंदभोग” का स्टिकर लगाकर उत्पाद बेचा जा रहा था। इसी मुद्दे को लेकर संगठन ने आपत्ति जताई और मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की।
स्थिति को नियंत्रित करने के लिए स्थानीय भाजपा पार्षद अमित जैन और पुलिस प्रशासन मौके पर पहुंचे। पार्षद के हस्तक्षेप के बाद स्थिति शांत हुई और उन्होंने प्रदर्शनकारियों को वहां से हटने का निर्देश दिया। साथ ही, उन्होंने क्षेत्र के व्यापारियों से भी बातचीत की।
पुलिस सूत्रों के अनुसार, इस मामले में थाने में डायरी दर्ज कर ली गई है और पूरे घटनाक्रम की जांच की जा रही है। प्रशासन ने कहा है कि संबंधित सभी विभाग इस मामले पर नजर बनाए हुए हैं और जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल इलाके में स्थिति सामान्य है।

