शहर में नगर निगम की सेवाएं बदहाल होने का आरोप लगाते हुए अब दार्जिलिंग जिला सीपीएम ने नगर निगम चुनाव कराने की मांग तेज कर दी है। सीपीएम का दावा है कि पार्टी ने शहर के सभी वार्डों में सर्वेक्षण कराया है, जिसमें आम लोगों ने जल्द से जल्द चुनाव कराने की इच्छा जताई है।
इसी मांग को लेकर दार्जिलिंग जिला सीपीएम का प्रतिनिधिमंडल आगामी 9 सितंबर को नगर आयुक्त से मुलाकात करेगा। सोमवार को पत्रकार वार्ता कर दार्जिलिंग जिला सीपीएम सचिव समन पाठक ने इसकी जानकारी दी।
सीपीएम का आरोप है कि वर्तमान में नगर निकाय का संचालन अस्थायी आयुक्त और प्रशासक के जरिए किया जा रहा है। इसके कारण शहर के आम लोगों को कई तरह की समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। पार्टी का कहना है कि प्रशासक शहर की जमीनी समस्याओं से पूरी तरह परिचित नहीं हैं, ऐसे में वे प्रभावी फैसले कैसे ले सकते हैं।
समन पाठक ने कहा कि पार्टी ने प्रत्येक वार्ड में सर्वेक्षण कराया है और लोगों की राय जानने के बाद यह सामने आया है कि जनता नगर पालिका चुनाव चाहती है। इसी मांग को लेकर पार्टी नगर आयुक्त से मुलाकात करेगी।
वही पार्टी का आरोप यह भी है कि पहले दार्जिलिंग नगर पालिका में 47 वार्ड थे, लेकिन राजनीतिक हितों को ध्यान में रखते हुए इनकी संख्या बढ़ाकर 63 कर दी गई।
सीपीएम ने आरोप लगाया कि बीजेपी ने अपने राजनीतिक लाभ को ध्यान में रखते हुए वार्डों को बढ़ाया है। पार्टी ने इस व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए नगर निगम चुनाव जल्द कराने की मांग दोहराई है।

