दार्जिलिंग पहाड़, तराई और Dooars के लोगों को राज्य की भाजपा सरकार वह सब कुछ देने जा रही है, जो उन्हें अब तक नहीं मिला और जिस पर उनका अधिकार था. भाजपा की नई सरकार दार्जिलिंग पहाड़ को विश्व स्तरीय पर्यटन केंद्र बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम उठा रही है. हाल ही में राज्य सरकार के मंत्री अग्निमित्र पॉल दार्जिलिंग आई थी और उन्होंने पहाड़, तराई और Dooars के विकास की एक नई रूपरेखा तैयार की है.
आने वाले समय में इन क्षेत्रों को न केवल राज्य का बल्कि केंद्र का भी लाभ मिलने जा रहा है. इस संबंध में दार्जिलिंग के भाजपा सांसद राजू बिष्ट ने बताया कि पहाड़, तराई और Dooars को लेकर भाजपा सरकार की क्या योजना है. यहां के लोगों के स्वास्थ्य, बीमा, मेडिकल कॉलेज, अस्पताल समेत ईएसआईसी से जुड़ी सभी तरह की सहायता उपलब्ध कराई जाएगी. इसकी शुरुआत भी हो चुकी है. पश्चिम बंगाल की भाजपा सरकार ने पहले ही पहाड़, तराई और Dooars के विकास के लिए राजकोष का मुंह खोल दिया है. इसलिए यहां के लोगों का जीवन बेहतर होने जा रहा है.
पश्चिम बंगाल सरकार ने राज्य में आयुष्मान योजना लागू कर दी है. राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्राधिकरण और पश्चिम बंगाल सरकार के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के बीच समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर भी किया जा चुका है. एक अनुमान के अनुसार आयुष्मान योजना लागू होने से राज्य के 1.43 करोड़ परिवारों को स्वास्थ्य सुरक्षा का कवच मिलेगा. इनमें दार्जिलिंग पहाड़, तराई और Dooars के परिवार भी शामिल हैं. इन क्षेत्रों के कर्मचारियों के लिए पश्चिम बंगाल सरकार के श्रम विभाग ने ईएसआईसी निदेशालय को एक पत्र भेजा है.
इन इलाकों में अधिकतर चाय बागान है, जहां काम करने वाले श्रमिकों की स्थिति अच्छी नहीं है. उन्हें समय पर वेतन भी नहीं मिलता है और ना ही कंपनी की ओर से फंड, स्वास्थ्य बीमा इत्यादि उपलब्ध कराया जाता है. यह कर्मचारी नारकीय जिंदगी जीने के लिए मजबूर हैं. इसलिए सरकार ने एक पहल की है. राजू बिष्ट ने बताया कि इन क्षेत्रों के लगभग 30 लाख चाय बागान एवं सिनकोना बागान श्रमिकों तथा उनके परिवारों को बेहतर सुविधा मिलेगी. यहां अस्पताल होने से उनका बेहतर इलाज हो सकेगा. उन्हें इलाज के लिए इधर-उधर भटकना नहीं पड़ेगा.
पहाड़ों से लेकर समतल और Dooars तक राजू बिष्ट काफी मेहनत कर रहे हैं. यहां के लोगों की जिंदगी में उजाला लाने के लिए उन्होंने केंद्र और राज्य सरकार से अनुरोध करके कई योजनाओं को शुरू किया है और भविष्य में शुरू करते रहेंगे. यहां ईएसआईसी मेडिकल कॉलेज तथा अस्पताल स्थापित करने के लिए उन्होंने केंद्रीय सरकार के संबंधित विभाग से संसाधनों को उपलब्ध कराने के लिए अनुरोध किया था. केंद्र से बात बन जाने के बाद राज्य सरकार ने इस पर अपनी मोहर लगा दी है और अब इन क्षेत्रों में काम तेजी से शुरू हो रहा है.
राजू बिष्ट ने बताया कि पहाड़ में प्रस्तावित मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल शुरू होने से यहां के लोगों के स्वास्थ्य में सुधार होगा. अनेक चाय बागानों के श्रमिक कुपोषण के शिकार हैं. उनका इलाज सही तरीके से नहीं होता है. ऐसे में यहां अस्पताल होने से उन्हें इलाज का लाभ मिलेगा.इसके साथ ही उनकी स्वास्थ्य समृद्धि बढ़ेगी. काफी समय से इन इलाकों में अस्पताल और स्वास्थ्य सेवा के क्षेत्र में राज्य सरकार से पहल करने की मांग की जाती रही है. अंततः यहां के लोगों की मांग सरकार ने मान ली है. इसके लिए राजू बिष्ट ने केंद्र और राज्य सरकार के प्रति धन्यवाद जताया है.

